Bu Blogda Ara

1 Aralık 2018 Cumartesi

डिग्री पाकर भविष्य के लीगल लीडरों ने भरी उड़ान

{content: नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडी एंड रिसर्च इन लॉ का सेकंड कन्वोकेशन सेरेमनी हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस सह चांसलर अनिरुद्ध बोस के आदेश के बाद शुरू हुई। इसमें मुख्य अतिथि गवर्नर द्रौपदी मुर्मू और चांसलर द्वारा यूजी और पीजी के 86 टॉपरों को गोल्ड मेडल दिए गए। वहीं यूजी और पीजी के 328 पास आउट स्टूडेंट्स को डिग्रियां दी गईं। समारोह में तीन सेशन के पासआउट स्टूडेंट्स को उपाधि प्रदान की गई है। इसमें यूजी के सेशन 2011-16, 2012-17 और 2013-18 बैच शामिल हैं। इसी प्रकार पीजी (एलएलएम) के तीन बैच में सेशन 2015-16, 16-17 और 17-18 शामिल हैं। यूजी के 75 व पीजी के 11 टॉपरों को गोल्ड मेडल मिले

रुहा को 13, भावना को 9 व अभिनव को 7 गोल्ड : दीक्षांत समारोह में प्रत्येक सेशन के विषय वाइस 25-25 टॉपरों को गोल्ड मेडल दिए गए। सबसे अधिक 2013-18 बैच की रुहा खुर्शीद को 13 गोल्ड मेडल मिले। रुहा की हर ओर तारीफ हुई। 2012-17 बैच की भावना परिहार को 9 गोल्ड मेडल मिले। वहीं 2011-16 बैच की टॉपर अभिनव प्रकाश को 7 गोल्ड मेडल समारोह में प्रदान किए गए।

विवि का वीसी ने प्रस्तुत किया प्रतिवेदन : यूनिवर्सिटी के प्रभारी कुलपति गौतम कुमार चौधरी ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। जस्टिस एचसी मिश्र, न्यायमूर्ति बीबी मंगलमूर्ति, लोकायुक्त न्यायमूर्ति डीएन उपाध्याय, महाधिवक्ता अजीत कुमार, बार काउंसिल ऑफ इंडिया के सदस्य प्रशांत कु. सिंह, आरयू वीसी प्रो. रमेश पांडेय, एनएलयू के पहले वीसी डॉ. एके कौल, कांके विधायक जीतू चरण राम समेत पासआउट स्टूडेंट्स के अभिभावक मौजूद रहे।

तीन सेशन के पासआउट स्टूडेंट्स को एक साथ दीक्षांत समारोह में मिली डिग्री

सक्सेस का फोटो सेशन : नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी का कैंपस स्टूडेंट्स के खिले चेहरे से रोशन रहा, हर जगह सभी ग्रुप बनाकर फ्रेंड्स के साथ अपनी यादों को संजोने के लिए फोटो सेशन कराते दिखे।

फैकल्टी नियुक्ति व इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट पर सीएम से बात करूंगी: द्रौपदी मुर्मू

गर्वनर ने कहा कि कुलपति पद पर परमानेंट नियुक्ति न्यायालय के अधिकार क्षेत्र में है, लेकिन फैकल्टी और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए मुख्यमंत्री से जल्द ही बात करूंगी। सामाजिक बुराइयों को समाप्त करने के लिए कानून का उपयोग होना चाहिए। स्टूडेंट्स को सजग रहना होगा। हम विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र है। संविधान का पालन कर एक आदर्श समाज की स्थापना कर सकते हैं। स्वतंत्रता आंदोलन में बैरिस्टर महात्मा गांधी, पंडित नेहरू, डॉ. राजेंद्र प्रसाद, डॉ. अंबेडकर सहित कई शामिल थे। मौलिक अधिकार व आदर्श संविधान को सुरक्षित रखना स्टूडेंट्स का काम है।

जॉब की जगह प्रैक्टिस करें स्टूडेंट्स: पद्मश्री माधव मेनन

मुख्य वक्ता पद्मश्री प्रो एनआर माधव मेनन ने कहा कि एलएलबी पास होने के बाद स्टूडेंट्स का झुकाव फर्म में जॉब की ओर अधिक रहता है। इसकी जगह युवा अधिवक्ताओं को जॉब करने की जगह प्रैक्टिस पर ध्यान देना चाहिए। सिर्फ पैसे कमाने का इसे जॉब नहीं मानते हुए मानवीय सेवा पर फोकस करना होगा। जरूरतमंदों, पिछड़े, दलितों को उनका अधिकार आप युवा ही दिला सकते हैं।

कमजोर वर्ग के लोगों को आसानी से न्याय मिल सके: अनिरुद्ध बोस

झारखंड हाइकोर्ट के चीफ जस्टिस सह चांसलर अनिरुद्ध बोस ने कहा कि देश में डेमोक्रेटिक लीगल सिस्टम कायम है। सभी के लिए न्याय सर्व सुलभ होना चाहिए, ताकि कमजोर वर्ग के लोगों को आसानी से न्याय मिल सके। आर्थिक विकास में लॉ की महत्वपूर्ण भूमिका है। युवा अधिवक्ताओं को सीखने में अधिक ध्यान देना चाहिए। इससे आत्मविश्वास बढ़ेगा। सामजिक न्याय के क्षेत्र में भी वे बढ़-चढ़ कर हिस्सा लें।

लॉ को सिर्फ आजीविका के रूप में नहीं लें : जस्टिस अपरेश

हाइकोर्ट के जस्टिस अपरेश कुमार सिंह ने कहा कि लॉ के छात्र इसे सिर्फ आजीविका के रूप में नहीं लेना चाहिए, बल्कि समाज के दबे-कुचले लोगों को न्याय दिलाने के लिए आगे आना होगा। मुझे विश्वास है कि आप लोग विधि के क्षेत्र में अपेक्षित प्रदर्शन करेंगे। नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट्स में प्रतिभा की कमी नहीं है। न्याय दिलाने और अधिकारों की रक्षा करने के प्रति हमेशा तत्पर रहेंगे।

गोल्ड मेडलिस्ट

अमोघ श्रीवास्तव

-यूपीएससी की तैयारी कर रहे हैं।

आदर्श : पिताजी

अविनिश

-प्राइवेट फर्म में एक्सपर्ट के रूप में कार्यरत हैं।

आदर्श : डॉ. एपीजे कलाम

भावना परिहार

-प्राइवेट फर्म में एक्सपर्ट के रूप में कार्यरत हैं।

आदर्श : पिताजी

कुशाग्र श्रीवास्तव

-हाईकोर्ट, झारखंड में प्रैक्टिस कर रहे हैं।

आदर्श : पिताजी

मतीसा मजूमदार

-हाईकोर्ट, झारखंड में प्रैक्टिस कर रही हैं।

आदर्श : पिताजी

नीलोत्पल श्याम

-प्राइवेट फर्म में एक्सपर्ट के रूप में कार्यरत हैं।

आदर्श : डॉ. एपीजे कलाम

पूजा रानी

-यूपीएससी की तैयारी कर रही हैं।

आदर्श : लॉ यूनिवर्सिटी फैक्लटी

रणेश आनंद

-हाईकोर्ट, झारखंड में प्रैक्टिस कर रहे हैं।

आदर्श : माता-िपता

मनजीत कुमार साहू

-गुमला में सिविल जज के रूप में कार्यरत (ट्रेनी)

आदर्श : हमारे शिक्षक।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
Ranchi News - fill the degree of flying by the legal leaders of the future
, title:Dainik Bhaskar, url: https://ift.tt/2U5g98r , author: ns.support@dainikbhaskar.com (Bhaskar News Network) , feed_url: https://ift.tt/1PKwoAf, }

0 yorum:

Yorum Gönder

Popüler Yayınlar

Labels

Blog Archive